रामचरण बोहरा बोले—एक साथ रहने और खेलने-कूदने के लिए भेजा, 11 निकायों में भाजपा का बोर्ड बनने का दावा; अलवर निगम में 21 सितंबर को मेयर और 22 को उप महापौर बनाने की तैयारी

अलवर। निकाय चुनाव में मतदान के बाद अब नगर निगम और निकायों में बोर्ड बनाने को लेकर भाजपा और कांग्रेस में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। इसी बीच भाजपा के जिला निकाय चुनाव प्रभारी एवं पूर्व सांसद रामचरण बोहरा ने पार्टी की ओर से किसी भी तरह की बाड़ाबंदी से इनकार किया है। हालांकि उन्होंने स्वीकार किया कि अलवर नगर निगम के भाजपा प्रत्याशियों को एक साथ रहने, एक-दूसरे को समझने और खेलने-कूदने के लिए अज्ञात स्थान पर भेजा गया है। दूसरी ओर कांग्रेस प्रत्याशियों के भी अलवर से बाहर होने की चर्चा है, लेकिन कांग्रेस की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
बसों में रवाना किए गए भाजपा प्रत्याशी
मतदान समाप्त होने के साथ ही भाजपा ने अपने ज्यादातर प्रत्याशियों को एक साथ कर अज्ञात स्थान के लिए रवाना कर दिया। पार्टी सूत्रों के अनुसार प्रत्याशियों को एकजुट रखने और चुनाव परिणाम तक किसी भी तरह की राजनीतिक गतिविधि से दूर रखने की रणनीति के तहत यह कदम उठाया गया है। भाजपा के कुछ वरिष्ठ प्रत्याशी और नेता अलवर में रहकर चुनाव परिणाम तथा राजनीतिक गतिविधियों पर नजर रख रहे हैं।
वहीं, जीत की संभावना वाले निर्दलीय प्रत्याशियों पर भी दोनों प्रमुख दलों की नजर है। भाजपा और कांग्रेस के रणनीतिकार ऐसे निर्दलीयों से संपर्क साधने में जुटे हैं, जिनके जीतने की संभावना मानी जा रही है। खासतौर पर बहुमत के आंकड़े से कुछ सीट दूर रहने की स्थिति में निर्दलीय पार्षद बोर्ड गठन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
कांग्रेस भी अपने प्रत्याशियों को एकजुट रखने में जुटी
कांग्रेस खेमे में भी प्रत्याशियों को एक साथ रखने की चर्चा है। हालांकि पार्टी के नेता इस बारे में खुलकर कुछ कहने से बच रहे हैं। चुनाव के बाद कांग्रेस के ज्यादातर प्रत्याशी भी अलवर में नजर नहीं आ रहे हैं। कांग्रेस को अपने जीते हुए प्रत्याशियों के दूसरे दलों के संपर्क में आने की आशंका है। ऐसे में पार्टी रणनीतिकार अपने संभावित विजयी प्रत्याशियों को एकजुट रखने के साथ ही निर्दलीयों से भी संपर्क साध रहे हैं।
कांग्रेस अपने बागी प्रत्याशियों पर भी नजर रख रही है और जिन बागियों के जीतने की संभावना है, उन्हें चुनाव परिणाम से पहले ही साधने के प्रयास किए जा रहे हैं।
21 सितंबर को भाजपा का मेयर बनाने का दावा
भाजपा के जिला निकाय चुनाव प्रभारी रामचरण बोहरा ने दावा किया कि अलवर नगर निगम में 21 सितंबर को भाजपा का मेयर और 22 सितंबर को उप महापौर बनेगा। उन्होंने कहा कि पार्टी के सभी प्रत्याशी एक परिवार की तरह साथ हैं और भाजपा में खुशी का माहौल है।
बोहरा ने दावा किया कि 21 सितंबर को सर्वसम्मति से मेयर पद के लिए नाम प्रस्तावित किया जाएगा। इसके अगले दिन उप महापौर का चुनाव होगा। उन्होंने कहा कि भाजपा सभी को साथ लेकर चलने वाली पार्टी है और कार्यकर्ताओं की राय के आधार पर निर्णय लिया जाता है।
65 में 65 सीटों पर जीत का दावा
रामचरण बोहरा ने अलवर नगर निगम के सभी 65 वार्डों में भाजपा प्रत्याशियों की जीत का दावा किया। उन्होंने कहा कि पार्टी को उम्मीद है कि 65 में से 65 पार्षद भाजपा के जीतेंगे और नगर निगम में भाजपा का बोर्ड बनेगा। इसके साथ ही उन्होंने अलवर जिले की सभी 11 नगर निकायों में भाजपा का बोर्ड बनने का दावा किया।
उन्होंने कहा कि सभी प्रत्याशी 20 सितंबर तक अपने स्तर पर रहेंगे और 21 सितंबर को पार्टी के बुलावे पर एक साथ आएंगे। उनके इस बयान के बाद अब चुनाव परिणाम से पहले ही अलवर में बोर्ड गठन को लेकर राजनीतिक गतिविधियां और तेज हो गई हैं।
